मुकुट धारी लाल श्रीवास्तव की दो पुस्तकों 'भारतीय साहित्य चिंतन' एवं 'भारतीय तीर्थ दर्शन' का भव्य विमोचन संपन्न

मुकुट धारी लाल श्रीवास्तव की दो पुस्तकों
'भारतीय साहित्य चिंतन' एवं 'भारतीय तीर्थ दर्शन' का भव्य विमोचन संपन्न
मुकुट धारी लाल श्रीवास्तव की दो पुस्तकों 'भारतीय साहित्य चिंतन' एवं 'भारतीय तीर्थ दर्शन' का भव्य विमोचन संपन्न

वाराणसी :- वयोवृद्ध वरिष्ठ साहित्यकार श्री मुकुट धारी लाल श्रीवास्तव द्वारा रचित पुस्तक 'भारतीय साहित्य चिंतन' एवं 'भारतीय तीर्थ दर्शन' का विमोचन दिनांक : 28/08/2022 दिन रविवार को पराड़कर भवन, मैदागिन, वाराणसी में सायं 04:00 बजे से आयोजित भव्य समारोह में संपन्न हुआ। 

        कार्यक्रम के मुख्य अतिथि माननीय रविन्द्र जयसवाल (मंत्री स्वतंत्रत प्रभार) उत्तर प्रदेश सरकार, विशिष्ट अतिथि श्री महेश चंद श्रीवास्तव (क्षेत्रीय अध्यक्ष, काशी क्षेत्र ,भाजपा) कार्यक्रम अध्यक्ष  पंडित हरिराम द्विवेदी, प्रख्यात कवि एवं सेवानिवृत्त आकाशवाणी दूरदर्शन वाराणसी रहे। 

          श्री मुकुट धारी लाल श्रीवास्तव द्वारा रचित दोनों पुस्तकें 'भारतीय साहित्य चिंतन' और 'भारतीय तीर्थ दर्शन' दोनों अध्यात्म और जीवन दर्शन से परिपूर्ण है।         

        समारोह में दूरदराज से मनीषियों व कवियों ने शिरकत की। मिर्जापुर, गोरखपुर, प्रयागराज, चन्दौली, जौनपुर व प्रदेश के कोने - कोने से आए कवियों ने काव्य पाठ करके समा बांध दिया। कवि सम्मेलन  का सफल  संचालन राजीव रंजन मिश्र जी ने किया। सुमति श्रीवास्तव द्वारा माँ सरस्वती की वंदना के साथ कार्यक्रम का आगाज़ हुया।

        तत्पश्चात उपस्थित कवियों/ कवयित्रियों अरुण कुमार श्रीवास्तव गोरखपुर, अरविंद उपाध्याय, अनिल कुमार राजभर जौनपुर, गिरीश पाण्डेय, विनोद कुमार शर्मा, पन्ना लाल पाठक, सुमति श्रीवास्तव, संगीता श्रीवास्तव,  आलोक कुमार यादव, सतीश श्रीवास्तव, प्रदीप श्रीवास्तव, मनोज द्विवेदी, दुर्गेश कुमार श्रीवास्तव,  प्रमोद कुमार सिंह आदि ने काव्य पाठ करके समा बांध दिया। 

          कार्यक्रम के अंत में विशिष्ट अतिथि श्री महेश चंद श्रीवास्तव द्वारा उद्बोधन के साथ कार्यक्रम का समापन हुआ। उन्होंने मुकुट धारी लाल श्रीवास्तव जी को शुभकामनाएं दी।