विपक्षी दलों के नेताओं की मूल योजना संसद का घेराव करना और देश के हित में चल रहे बजट सत्र को अनुमति नहीं देना है, विपक्षी दलों का मुख्य मुद्दा भाजपा और पीएम मोदी को हटाना और देश को नुकसान पहुंचाना है, अडानी तो सिर्फ एक बहाना है ?
The basic plan of the leaders of the opposition parties




NBL, 07/04/2023, Lokeshwer Prasad Verma Raipur CG: The basic plan of the leaders of the opposition parties is to gherao the parliament and not allow the ongoing budget session in the interest of the country, the main issue of the opposition parties is to remove BJP and PM Modi and harm the country, Adani is just an excuse ?
स्वारथ करे जग प्रीति इस प्रकार के भाव रखने वाले लोग कभी भी किसी का भलाई नहीं कर सकते, यही हाल आज देश के विपक्षी दलों के नेताओ के द्वारा देश में हो रहा हैं, जो अपने निजी स्वार्थ में पड़कर देश के हित के बारे में सोच ही नहीं रहे हैं, जबकि आज कल संसद में बजट सत्र चल रहा है, और इस बजट सत्र में वर्तमान सरकार देश के हित में क्या योजना ला रहे है देशवासीयो के लिए इस विषय पर विपक्षी दलों के नेताओ को ध्यान देना चाहिए और शांति ढंग से बजट सत्र को देश के सभी राजनेताओ को चलाने की अनुमति देना चाहिए, ताकि इस बजट सत्र के द्वारा देश के हित में क्या फायदा या क्या नुकसान हो सकता है इस पर चर्चा विपक्षी दलों के नेताओ को करनी चाहिए।
लेकिन इन विपक्षी दलों के नेताओ को तो अपनी पड़ी हुई है, मोदी हटाओ देश बचाओ अडानी के लिए जे पी सी लाओ देश बचाओ इनके सिवा आज कल विपक्षी दलों के नेताओ के मुह से आपको सुनने को और कोई देश हित मुद्दा सुनने को मिलेगा ही नहीं, ये क्या हो रहा है देश के नेताओ के अंदर इस बात को आज देशवासी खुद समझ नहीं पा रहे हैं। बस मोदी मोदी अडानी अडानी के सिवा कुछ और अच्छा बात करो मेरे देश के राजनेताओ, जो देशवासीयो का भला हो सके। काला कपड़े पहनकर व अपने हाथ में झण्डा लेकर वाशिंग मशीन से काला व सफेद कपड़े निकालकर देश के लोगों को दिखाना ये सब आप विपक्षी दलों के नेताओ को हो क्या गया है।
आप पार्टी केजरीवाल तो आलमारी से मोदी व अदानी के भ्रष्टाचार का फ़ाइल पढ़कर सुना रहे थे और वह फ़ाइल देश के जनता को दिखा भी रहे थे। दिल्ली सीएम केजरीवाल जी देश के जनता को गुमराह क्यों कर रहे हो, झूठ मुठ का प्रपंच रचकर अगर आपके पास पीएम मोदी सरकार व अडानी का साठगांठ का सबूत फ़ाइल है आपके पास तो आप देश के हाईकोर्ट व सुप्रीम कोर्ट में जाएं ताकि देश के जनता जान सके पीएम मोदी सरकार के काले कारनामे के बारे में आपके बोलने से देश के लोग गुमराह होने वाला नहीं है। आप इतने बड़े देश के राजधानी दिल्ली के सीएम है, और देश के लोगों को ये दिख रहा था बीजेपी के बाद आपके आम आदमी पार्टी के उपर भरोसा कर रहे थे देश के लोग और आप अभी इतने गंदे राजनीति कर रहे है जो देश आपको देख रहा है, अपने निजी स्वार्थ हित राजनीति वाह ये कैसा खेला है आपका सीएम केजरीवाल जी।
आप केजरीवाल जी अन्ना हज़ारे के साथ देश हित में आंदोलन कर रहे थे और उस आंदोलन के बाद आपने पार्टी का निर्माण किया आम आदमी पार्टी और दिल्ली में चुनाव लड़े आपने और बड़े बड़े पुरानी राजनीतिक दलों को धूल चटा दिये और दिल्ली वासी भाई बहनो ने आपको अपने आप से दिल से अपनाया आपको और आज आप दिल्ली के राजसत्ता में काबिज है और आप अपने अच्छे छवि से देश के अन्य राज्य पंजाब में भी अपने पार्टी को मजबूत कर वहाँ अपना विजय फताका फहरा दिया जो बीजेपी नहीं कर पाए आपने करके दिखा दिया यही आपके अच्छे राजनीति का प्रतिक था, लेकिन आजकल आपके सत्ता का भूख बढ़ गया है, जो मन में आ रहा है आपके वह सब कुछ बोल रहे हैं, जबकि यह सब बोलना आपके लिए उचित नहीं है, क्योकि आप गॉड गिफ्ट राजनीति कर रहे है कोई आपके पास राजनीतिक अनुभव नहीं है, जैसे देश के अन्य दलों के सदियों लंबी पुरानी इतिहास है भारतीय राजनीति में, वैसा आपके पास कुछ भी नहीं है, जैसे आप आये हो राजनीति में वैसा ही देश की जनता आपको वही भेज भी देगा शार्ट कट राजनीति आप मत करो इंतजार का फल मिठा होता है, आप जैसे बोले थे वैसा आपने कुछ भी नहीं किया राजनेताओ का सभी सुख आप भोग रहे है, जिसका आपने बहिष्कार किया था कथनी और करनी में आपका बड़ा अंतर है सीएम केजरीवाल जी आप जो आजकल बड़ी बड़ी बात करते हैं उसमे कोई वजन व वजह नहीं दिखता देशवासीयो को, केवल आपका निजी स्वार्थ दिखता है आजकल देश के लोगों को।
आज भारतीय लोकतन्त्र का अपमान हो रहा है जिस नेताओ को हम भारतीय लोकतन्त्र अपने बहुमुल्य वोट देकर उनको राजनेता बनाये और वही राजनेता अपने देशवासीयो का अहित कर रहे हैं, और जिस योजनाओ को लोकसभा और राज्यसभा के माध्यम से देश के लोगों तक पहुँचाते है, उन्ही संसदीय कार्य को बाधित कर रहे हैं, जैसे यही राजनेता अकेले अपने दम पर राजनीति करके संसद तक पहुँचा है और हम लोकतन्त्र का कोई वजूद नहीं है आज निजी स्वार्थ बन कर रह गया है आजके राजनीति जो भारतीय राजनीति का वर्चस्व घट रही है इसका मुख्य कारण है, राजसत्ता का लोभ जो अपने आप से बिखर रहे हैं, जिसका फायदा खुद विपक्षी दलों के नेताओ के द्वारा बीजेपी व पीएम नरेंद्र मोदी सरकार को दे रही है, जबकि ठोस वजह इन विपक्षी दलों के नेताओ के पास अभी फिर हाल कुछ भी नहीं है देश में ताकि देशवासीयो को दिखाई दे और इनके फायदा इन विपक्षी दलों के नेताओ को मिल सके और बीजेपी पीएम मोदी सरकार को नुकसान हो सके और इन विपक्षी दलों को फायदा मिल सके।
जब इन विपक्षी दलों के नेताओ को पीएम मोदी सरकार के कार्यविधि में संदेह दिख रहा है, तो पीएम मोदी के गलत कार्यो को देश के आदलत में चुनोंती देना चाहिए, ताकि इनके काले कारनामे को देश वासी देख सके, और विपक्षी नेताओ के पास सबूत व गवाह सही है तो आप विपक्षी दलों के नेताओ को देश के अदालत में न्याय जरूर मिलेगा और पीएम मोदी सरकार के द्वारा देश में किया जा रहा नुकसान से देश को भी बचाया जा सकता है। जबकि जेपीसी कार्य समिति गठन से आप विपक्षी दलों के नेता द्वेष पैदा कर आप देश के कीमती समय और देश वासियों को गुमराह कर राजनीति करते रहेंगे क्योकि जेपीसी गठन दोनों राजनीतिक पक्षों को लेकर किया जाता है, सत्ता पक्ष और विपक्ष दोनों समूहों के नेता लोग होंगे और सत्ता पक्ष के जेपीसी गठन में ज्यादा नेता लोग होंगे इस वजह को लेकर आप विपक्षी दलों के नेता गण के द्वारा आपस में वाद विवाद करते रहेंगे और सत्ता पक्ष के उपर जेपीसी का दुरूपयोग करने का आरोप लगाते रहेंगे क्योकि अडानी व अम्बानी निजी कंपनी के मालिक है कोई सरकारी संस्था नहीं है, जो इतना आसानी से आपके जेपीसी गठन से हल हो जायेगा जबकि देश के बहुत से लोग जेपीसी गठन क्या होता है इनके बारे में बिल्कुल भी नहीं जानते इसलिए यही लोग और ज्यादा गुमराह में है, और इन्ही लोगों के मुख से ज्यादा सुनने को मिलता है, अडानी अम्बानी को पीएम मोदी सरकार देश के सम्पत्ति व सरकारी योजनाएं का लाभ देश के इन दो उद्योग पति को बेच व दे रहे हैं करके बोलते है जबकि अडानी व अंबानी उद्योग पति देश दुनिया में अपना कारोबार चला रहे हैं और देश के बहुत से राज्यों में इन कारोबारियो का कारोबार चल रहा है, जो विपक्षी दलों के नेता इस मुद्दा को उठा रहे हैं, उनके सत्ता राज्यों में भी ये अडानी अम्बानी दोनों उद्योग पति अपना कारोबार चला रहे हैं, ये केवल द्वेष पूर्ण राजनीति है इन विपक्षी दलों के नेताओ की जो बहुत जल्द देश के लोग समझ जायेंगे, बस 2024 का चुनाव समाप्त हों जाए फिर ये अडानी अम्बानी का मुद्दा ठंडे बस्ते में चला जायेगा अगर इनके सत्ता आ जाए तो ये अडानी अम्बानी का झोली खुद भर देंगे ये है आजका भारतीय राजनीतिक नेताओ की सत्ता पाने का खेला।
यह न्यूज लेख सत्य को आधार बना कर लिखा गया है, ताकि देशवासी को भी पता चले वाकई देश के अंदर क्या चल रहा है, इन राजनीतिक नेताओ के द्वारा जो इनके राजनीति में आज देश के हित में कितना सत्यता है और हम देशवासीयो को इन बातो को समझना बेहद जरुरी है, क्योकि हम लोकतन्त्र के बल है और इसी बल पर ही देश का विकास टिका हुआ होता है, इसलिए आप भारतीय लोकतन्त्र के लोग एक एक लोग मजबूत नीव है देश का चुनाव आपको करना है देश के अच्छे भविष्य के बारे में देश के विकास के बारे में सोचना समझना हमको आपको है, राष्ट्र मजबूत तो हम देश वासी मजबूत है, एक पतले दुबले दुर्बल लकड़ी के टुकड़े को कोई भी तोड़ सकते हैं, और यही पतले दुबले दुर्बल लकड़ीयो का एक गट्ठा बना दिया जाए तो तोड़ने में बड़ा ही कठिनाई होती है, बस ऐसा ही देश के लोकतन्त्र को मजबूत होना चाहिए, खिचतान खिचड़ी सरकार देश का विकास कभी भी नहीं कर सकता इसलिए देश में मजबूत सरकार होना देशहित के लिए बहुत जरूरी है।