बीजा त्यौहार मनाने सीआरपीएफ 74वीं वाहिनी कैंप परिसर पहुंचे ग्रामीण.कमांडेंट डीएन यादव ने ग्रामीणों को त्यौहार मनाने के लिए की आर्थिक मदद

बीजा त्यौहार मनाने सीआरपीएफ 74वीं वाहिनी कैंप परिसर पहुंचे ग्रामीण.कमांडेंट डीएन यादव ने ग्रामीणों को त्यौहार मनाने के लिए की आर्थिक मदद
बीजा त्यौहार मनाने सीआरपीएफ 74वीं वाहिनी कैंप परिसर पहुंचे ग्रामीण.कमांडेंट डीएन यादव ने ग्रामीणों को त्यौहार मनाने के लिए की आर्थिक मदद

सुकमा - सुकमा जिले के ग्राम कांकेरलंका में स्थित सीआरपीएफ 74 वीं वाहिनी कैंप में कांकेरलंका और आसपास के ग्रामीण बीजा त्यौहार मनाने के सीआरपीएफ 74वीं वाहिनी कैंप में पहुंचे आदिवासी परंपरा के अनुसार दूर दराज से आए लोगो द्वारा कैंप परिसर के सामने पारंपरिक नृत्य किया।जिसे देख कैंप में तैनात अधिकारी भी काफी खुश नजर आए आए सभी ग्रामीणों से मिल कर बातचीत भी की।

जवानों के अथक प्रयास का रंग दिखने लगा है

 

आपको बता दें सुकमा जिले में तैनात सुरक्षा बल जिले में शांति बहाली क्षेत्र की विकास के लिए सदैव तत्पर है।समय समय पर तरह तरह के कार्यक्रमों का आयोजन करती रहती है ताकि जवानों और ग्रामीणों के बीच आपसी तालमेल, विश्वाश कायम हो सके और सुरक्षाबल के जवानों की यह पहल सार्थक होती नजर आ रही है अंदरूनी क्षेत्र के ग्रामीणों का विश्वाश जितने में सफल हो रहे है ।

यह ताज़ा तस्वीर सुकमा ज़िले के काकेरलंका 74 वी वाहिनी सीआरपीएफ कैम्प का है जहां पहली बार दिनांक 19/05/22 को दूर-दराज से आए ग्रामीणों ने 74 वी वाहिनी केंद्रीय रिजर्व पुलिस बल के कमांडेंट श्री डी. एन. यादव के नेतृत्व मे सीआरपीएफ कैंप परिसर में आकर बीजा त्यौहार मनाया । जो सुरक्षाबलो एवं ग्रामीणों के बीच बेहतर संबंध को दर्शाता है कमांडेंट श्री डी. एन. यादव के दिशा-निर्देश पर ग्रामीणों तथा महिलाओं को बीजा त्योहार बेहतर तरीक़े से मनाने के लिए आर्थिक मदद भी दी गई । दरअसल सुकमा ज़िले में पिछले कुछ वर्षों में ग्रामीणों में विश्वास जगाने के लिए जिला बल, सीआरपीएफ़ और कोबरा के जवानों ने बहुत ही बेहतर प्रयास किए है । यह तस्वीर उसी प्रयासों की मेहनत का नतीजा माना जा सकता है।