Single Use Plastic Bann: क्या अमूल और मदर डेयरी की खत्म होगी मुश्किल? ग्राहकों पर भी पड़ेगा सीधा असर ! पढ़िए पूरी खबर...

Single Use Plastic Bann: Will Amul and Mother Dairy End Trouble? There will be a direct impact on the customers too! Read full news... Single Use Plastic Bann: क्या अमूल और मदर डेयरी की खत्म होगी मुश्किल? ग्राहकों पर भी पड़ेगा सीधा असर ! पढ़िए पूरी खबर...

Single Use Plastic Bann: क्या अमूल और मदर डेयरी की खत्म होगी मुश्किल? ग्राहकों पर भी पड़ेगा सीधा असर ! पढ़िए पूरी खबर...
Single Use Plastic Bann: क्या अमूल और मदर डेयरी की खत्म होगी मुश्किल? ग्राहकों पर भी पड़ेगा सीधा असर ! पढ़िए पूरी खबर...

Single Use Plastic Bann :

 

केंद्रीय वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण की अध्यक्षता में जीएसटी काउंसिल की 47वीं बैठक में कुछ खाद्य पदार्थों पर जीएसटी में मिलने वाली छूट को हटा दिया गया है. जीएसटी काउंसिल (GST Council) की बैठक में लिए गए इस फैसले के बाद प्री-पैक्ड, प्री लेबल्ड दही, लस्सी और छाछ जैसे मिल्क प्रोडक्ट्स जीएसटी के दायरे में आ जाएंगे. (Single Use Plastic Bann)

इस वजह से कई प्रोडक्ट की कीमतों में 18 जुलाई के बाद से बढ़ोतरी दर्ज की जा सकती है. जीएसटी काउंसिल की बैठक के बाद एक रेवेन्यू सेक्रेटरी तरुण बजाज ने कहा था कि GST की नई दरें 18 जुलाई से लागू हो जाएंगी. बताते चलें कि अभी तक इन उत्पादों पर किसी तरह का कोई जीएसटी नहीं लगता था. काउंसिल के इस फैसले के बाद डेयरी कंपनियों की लागत में बढ़ोतरी होगी, जिसका सीधा असर ग्राहकों पर भी पड़ेगा और उन्हें दूध से बनने वाले उत्पादों के लिए पहले के मुकाबले ज्यादा कीमत चुकानी होगी. (Single Use Plastic Bann)

सरकार ने एक जुलाई से प्लास्टिक स्ट्रॉ को बैन कर दिया था. डेयरी और सॉप्ट ड्रिंक्स बेचने वाली कंपनियां प्लास्टिक स्ट्रॉ के साथ ही अपने छोटे प्रोडक्ट बेच रही थीं. अब इसकी जगह उन्हें पेपर स्ट्रॉ का इस्तेमाल करना पड़ रहा है, जो उनकी लागत को बढ़ा रहा है. ऐसे में GST में शामिल हुए प्रोडक्ट की वजह से कीमतें बढ़ाते वक्त कंपनियां पेपर स्ट्रॉ के चलते बढ़ी लागत को भी कवर कर सकती हैं. (Single Use Plastic Bann)

छूट के दायरे में आने वाले खाद्य पदार्थों में संशोधन की सिफारिश के बाद हुआ फैसला

बैठक में लिए गए इस फैसले को लेकर जीएसटी काउंसिल ने कहा कि अभी तक इस तरह के खाद्य पदार्थों और अनाज पर किसी तरह का कोई जीएसटी नहीं लगाया जा रहा था क्योंकि इनकी कोई ब्रांडिंग नहीं होती थी. 

लीगल मेट्रोलॉजी एक्ट के तहत प्री-पैक, प्री-लेबल उत्पादों के रिटेल पैक पर मिलने वाली छूट के दायरे को संशोधित करने की सिफारिश की गई थी, जिसमें प्री-पैक्ड, प्री लेबल्ड दही, लस्सी और छाछ जैसे मिल्क प्रोडक्ट्स भी शामिल हैं. (Single Use Plastic Bann)

दही, लस्सी पर 5 फीसदी GST

18 जुलाई से टेट्रा पैक वाले दही, लस्सी और बटर मिल्क पर 5 फीसदी की दर से GST लगेगा. ये आइटम्स पहले GST के दायरे से बाहर थे, लेकिन सरकार ने अब इन्हें भी इस दायरे में शामिल कर लिया है. (Single Use Plastic Bann)

इस वजह से इन प्रोडक्ट की कीमतें बढ़ सकती हैं. हालांकि, अमूल (AMUL) और मदर डेयरी (Mother Dairy), जो ये प्रोडक्ट बनाती हैं, उनकी ओर से इसे लेकर अभी तक किसी भी तरह का ऐलान नहीं किया गया है.

टेट्रा पैक एक प्रकार का पैकिंग कार्टन है, जो तरल खाद्य पदार्थों को खराब होने से बचाता है. इस पैकिंग के सहारे ही कंपनियां तमाम तरह के तरल खाद्य पदार्थ बेचती हैं. इसमें लंबे समय तक प्रोडक्ट खराब नहीं होता. (Single Use Plastic Bann)

इन प्रोडक्टस की भी बढ़ सकती है कीमत

दही-लस्सी के अलावा कई और प्रोडक्ट 18 जुलाई से महंगे हो सकते हैं. इसमें घरों में इस्तेमाल होने वाली कई और चीजें भी शामिल हैं. एलईडी लाइट्स और लैंप पर लगने वाली GST को 12 फीसदी से बढ़ाकर 18 फीसदी कर दिया गया है. 

इस वजह आने वाले दिनों में एलईडी लाइट्स की कीमतें भी बढ़ सकती हैं. ब्लेड, पेपर कैंची, पेंसिल शॉर्पनर, चम्मच, कांटे वाले चम्मच, स्किमर्सल और केक-सर्विस आदि पर अब 18 फीसदी की दर से GST वसूला जाएगा. पहले इन वस्तुओं पर 12 फीसदी GST लगता था. (Single Use Plastic Bann)

ये सर्विस भी हो सकती हैं महंगी

एटलस सहित मैप और चार्ज पर 12 फीसदी की दर से  GST लगेगा. इसके अलावा अस्पतालों में 5,000 रुपये (गैर-आईसीयू) से अधिक रेंट वाले रूम पर अब पांच फीसदी GST देना होगा. साथ ही होटलों में 1,000 रुपये प्रति दिन से कम किराए वाले कमरे पर 12 फीसदी GST देना होगा. अभी तक ये  GST के दायरे से बाहर थे. (Single Use Plastic Bann)