Telangana: के निजामाबाद जिले में एक गर्भवती महिला को उसके पति ने शौचालय की सफाई का एसिड पीने के लिए मजबूर किया, ईलाज के दौरान हुई मौत.

pregnant woman was forced to drink toilet cleaning acid.

Telangana: के निजामाबाद जिले में एक गर्भवती महिला को उसके पति ने शौचालय की सफाई का एसिड पीने  के लिए मजबूर किया, ईलाज के दौरान हुई मौत.
Telangana: के निजामाबाद जिले में एक गर्भवती महिला को उसके पति ने शौचालय की सफाई का एसिड पीने के लिए मजबूर किया, ईलाज के दौरान हुई मौत.

NBL, 29/04/2022, Lokeshwer Prasad Verma.. Telangana: In Nizamabad district of Telangana, a pregnant woman was forced to drink toilet cleaning acid by her husband, died during treatment.

तेलंगाना (Telangana) के निजामाबाद जिले (Nizamabad district) में एक गर्भवती महिला (pregnant woman) को उसके पति ने शौचालय की सफाई का एसिड पीने (toilet cleaning) के लिए मजबूर किया, पढ़े विस्तार से... 

एसिड पीने से महिला की मौत हो गई। इसके बाद पति मौके से फरार हो गया। मीडिया रिपोर्ट के अनुसार, फरार आरोपी को पकड़ने के लिए पुलिस ने टीमें गठित की हैं। जानकारी के अनुसार, घटना निजामाबाद के वर्णी मंडल (Varni Mandal) के राजपेट थांडा की है।

पुलिस ने बताया कि पति तरुण ने मृतक कल्याणी से करीब चार साल पहले शादी की थी। एक अंग्रेजी वेबसाइट्स के अनुसार, तीन महीने पहले जब कल्याणी गर्भवती हुई, तो तरुण ने उसे यह कहकर परेशान करना शुरू कर दिया कि वह अच्छी नहीं लग रही है। वर्णी पुलिस ने कहा कि वह उसके परिवार से अधिक दहेज के पैसे लेने के लिए उसे प्रताड़ित भी करने लगा था।

खबरों से मिली जानकारी के अनुसार, बीते मंगलवार को तरुण और कल्याणी के बीच बहस हो गई थी। इस दौरान तरुण ने कथित तौर पर अपनी पत्नी कल्याणी को शौचालय की सफाई करने वाला एसिड पीने के लिए मजबूर किया। एसिड पीने से कल्याणी की हालत बिगड़ गई। जिसके बाद उसका परिवार उसे इलाज के लिए निजामाबाद के सरकारी अस्पताल ले गया।

हालांकि बुधवार को इलाज के दौरान कल्याणी की मौत हो गई। कल्याणी के रिश्तेदारों ने तरुण और उसके परिवार के खिलाफ शिकायत दर्ज कराई। परिजनों ने आरोप लगाया कि उन्होंने उसे (कल्याणी) ज्यादा दहेज के लिए परेशान किया और उसे शौचालय की सफाई करने वाले एसिड का सेवन करने के लिए मजबूर कर उसकी हत्या कर दी। शिकायत के आधार पर पुलिस ने तरुण और उसके परिवार के दो सदस्यों के खिलाफ भारतीय दंड संहिता की धारा 302, 304-बी और 498-ए के तहत मामला दर्ज किया।