दुनिया का सबसे महाशक्ति देश बम और बारुद को अपना कर धरती को महाविनाश की ओर ले जा रही हैं, तिसरी विश्व युद्ध की शुरूआत कभी भी किसी भी वक्त।
The world's most powerful country is taking the earth towards great destruction by adopting bombs and ammo, the beginning of the third world war at any time.




NBL,. 26/03/2022, Lokeshwer Prasad Verma,.. आज विश्व के हर वह देश अपने आजू बाजू दुश्मनो से घिरे हुए हैं, जैसे- यूक्रेन की दुश्मन रूस है और रूस की दुश्मन नाटो सदस्य देश व अन्य देश भी हो सकते है और विश्व के हर दूसरे देश की आपसी दुश्मनी है, जैसे भारत की दुश्मन देश पाकिस्तान और चीन है वैसे ही उनके भी दुश्मन देश है और सभी के पास एटोमीक पावर है अपने देश के हैसियत के अनुसार लेकिन बम व बारुद महाविनाश सबके पास है, जो केवल एक ही भाषा बोलती है धरती, आसमान और जल व जीव मनुष्य की नाश करना, पढ़े विस्तार से...।
भारतीय साधु - संतो व गुरुओ की कहावते है, जैसे खाओगे अन्न वैसे बनेगे आपके मन और जैसे पकड़ोगे संग वैसे चड़ेगा आपके ऊपर रंग, वैसे ही है विनाशकारी बम व बारुद जो अपनी औकात को सामने लाने के लिए देश के प्रजा पालक नेता को उकसाते है और मुझे प्रयोग मे लाओ करके उनके स्मृति को डावा डोल करते रहते हैं। जो इस एटोमीक अहंकार को अपनाते है उनके राज्य व देश का विनाश तय हो जाती है और एक दूसरे देश अपने आप को बचाने के चक्कर में एक दूसरे की नुकशान कर डालते है।
जिस इंसान के पास पैसे व गाड़ी व बंगले व नौकर- चाकर जमींन जायदाद होते है उनके पास सामान्य व्यक्ति से ज्यादा अहंकार होते है वैसे ही आज विश्व के सभी देशों के पास बम बारुद और और नये नये अत्यआधुनिक हथियार की बड़ी मात्रा में संग्रह है। जो उनके अहंकार की मुलआधार है,जो एक दूसरे को मिटाने की दंभ भरती है।
लेकिन मानव जीवन की जीवन जीने के लिए एक अच्छी मकान व उनके अपनी व परिवार के जीवन चलाने के लिए रुपये पैसे होनी चाहिए और इन सभी को आनंद की सुख देने व लेने के लिए अमन चैन व शांति होनी चाहिए तभी आप सुखी इंसान व सुखी जीवन जी सकते हैं, वैसे ही आपके इर्द गिर्द माहोल भी होनी चाहिए और वैसी ही आपके मुल्क में भी अमन शांति होनी चाहिए तभी आप शांति से जीवन जी सकते हैं और हर तरफ आपको खुशीहाली ही खुशीहाली नजर आएगी। भय मुक्त जीवन होगी आपके और आपके विकास और देश की विकास की सही मायने मे आप बोल सकते हो मै खुशहाल देश का वासी हूँ। अन्यथा सुपर पावर देश कहलाने की कोई मतलब नही जहाँ सुख शांति व अमन चैन न हो।
विश्व के हर इंसान कोई न कोई धर्म से जुड़े हुए हैं और उस धर्म की कोई न कोई मार्गदर्शन ग्रंथ है, जैसे हिन्दूओ की वेद पुराण व गीता - रामायण, मुस्लिम धर्म मे पवित्र कुरान और मसीह धर्म में परमेश्वर की ज्ञान से भरे हुए बाईबिल वैसे अन्य नाना प्रकार के धर्म की मार्ग दर्शन ग्रंथ है। जो हम इंसान को सत्य मार्ग में चलने व अच्छी जीवन जीने की कला व रास्ता बताती है और गुण व अवगुण को परखने की शक्ति देती है। लेकिन आज इन धर्म ग्रंथ शक्तियो को छोड़कर इन विनाशकारी बम व बारुद को अपनी शक्ति मान बैठे है तो विश्व का विनाश होनी तो तय है। जो अपने ही धर्म के ऊपर विश्ववास नही उनको तो परम शक्ति सृष्टि निर्माण कर्ता ईश्वर हम इंसान के बनाए शस्त्र से ही हम मनुष्य को आपस मे लड़वा कर नया सृष्टि का सृजन करेंगे क्योकी आज की मनुष्य अपनी मानविय मानवता को भूल रही है और आपसी रंजिश को पाल रहे हैं।
विश्व की कोई भी देश व धर्म के लोग होंगे जो अपनी धर्म व अपने धर्म के अणुसरन व पालना करेंगे और अमन चैन व शांति मानवीय मूल्यों के साथ मानवता व सभी मनुष्यो को साथ लेकर चलता है तो वही धर्म वही लोग इस जगत मे रह पाऐगे और बच पाएंगे अन्यथा मंगल ग्रह और चंद्रामा मे जीवन के आधार को खोज रहे हो वैसे ही पृथ्वी भी शून्य अवस्था में चले जाएगी इस महाविनाश बम बारुद से ये परम सत्य है। ये लेख मेरी अंतर आत्मा की आवाज है।