सुकमा जिले के कोटा में बाढ़ ग्रस्त क्षेत्रों से लोगों को पहुंचाया जा रहा है राहत केंद्र

सुकमा जिले के कोटा में बाढ़ ग्रस्त क्षेत्रों से लोगों को पहुंचाया जा रहा है राहत केंद्र
सुकमा जिले के कोटा में बाढ़ ग्रस्त क्षेत्रों से लोगों को पहुंचाया जा रहा है राहत केंद्र

सुकमा:- गोदावरी नदी के उफान पर होने के कारण कोंटा नगर के नदी किनारे और डुबान क्षेत्रों में जलभराव से बाढ़ की स्थिति उत्पन्न है। लोगों को कोई हताहत ना हो, साथ ही उनके घरेलू संपत्ति को अधिक नुकसान न हो, इसके लिए प्रशासन पूरे दल बल के साथ मौके पर तैनात है।

एसडीएम कोंटा बनसिंह नेताम और जनपद सीईओ कोंटा कैलाश कश्यप अपनी पूरी टीम के साथ बाढ़ ग्रस्त क्षेत्रों में राहत कार्य में जुटे हुए है। सीईओ जनपद कोंटा कश्यप ने बताया कि अब तक लगभग 3000 लोगों को राहत केंद्रों तक सुरक्षित पहुंचाया जा चुका है। कोंटा में आए बाढ़ के दृष्टिगत 9 राहत केंद्र बनाए गए है, जहां लोगों को सुरक्षित लाया जा रहा है।

आईटीआई कोंटा, स्वामी आत्मानंद स्कूल, चैतन्य स्कूल, हाई स्कूल कोंटा, शिशु मंदिर कोंटा, महाविद्यालय भवन कोंटा, पंचायत भवन ढोंडरा, वन धन केंद्र ढोंडरा तथा पोटकेबीन बंडा को राहत केंद्र बनाया गया है। प्रशासन एवं पुलिस विभाग तथा नगर सेनानी के संयुक्त टीम के द्वारा बाढ़ ग्रस्त क्षेत्रों की नियमित मॉनिटरिंग एवं राहत कार्य किया जा रहा है। ताकि कोंटावासियों को किसी प्रकार की समस्या का सामना ना करना पड़े।