छत्तीसगढ़ राज्य में पहली बार पुलिस द्वारा साइबर ठगी का शिकार हुए पीड़ित को उसकी पूरी रकम आरोपियों से दिलाई गई वापस

छत्तीसगढ़ राज्य में पहली बार पुलिस द्वारा साइबर ठगी का शिकार हुए पीड़ित को उसकी पूरी रकम आरोपियों से दिलाई गई वापस
छत्तीसगढ़ राज्य में पहली बार पुलिस द्वारा साइबर ठगी का शिकार हुए पीड़ित को उसकी पूरी रकम आरोपियों से दिलाई गई वापस

 अधीक्षक बलरामपुर द्वारा जिले में दर्ज साइबर ठगी के प्रकरणों की लगातार की जा रही है मांनिट्रिंग, कुछ दिन पूर्व ही साइबर ठगी के संबंध में  पुलिस अधीक्षक बलरामपुर द्वारा गूगल को लिखी गई थी चिट्ठी।  

थाना रघुनाथनागर के ग्राम गिरवानी निवासी  रामलल्लू जायसवाल के साथ 11 जनवरी, 2023 को हुए था साइबर फ्राड, गूगल सर्च इंजन पर फर्जी फोन पे कस्टमर केयर नंबर  से हुई थी 5,49,700/ रुपए की ठगी ।

मामला दर्ज होने के बाद बलरामपुर पुलिस की कई टीमें कर रही थी आरोपियों की तलाश, मामला दर्ज होने के 15 दिन के भीतर झारखंड के देवघर में छापामारी कर पूर्व में 04 आरोपियों को किया गया था गिफ्तार।

छत्तीसगढ़ में ये पहला मौका है जब पुलिस द्वारा साइबर ठगी का शिकार हुए पीड़ित को उसकी पूरी रकम 5,49,700/ रुपए कराया गया वापस।

बलरामपुर - जिले में अपराध एवं अपराधियों पर अंकुश लगाने के उद्देश्य से सरगुजा पुलिस महानिरीक्षक  राम गोपाल गर्ग के मार्गदर्शन में बलरामपुर पुलिस अधीक्षक  मोहित गर्ग  के द्वारा जिले के समस्त थाना एवं चौकी प्रभारियों को क्षेत्र में दर्ज चिट फंड एवं ऑन लाईन धोखाधड़ी करने वालो के खिलाफ सख्त कार्यवाही करने के निर्देश दिये हैं। दिनांक 11 जनवरी 2023 को प्रार्थी रामलल्लू जायसवाल, निवासी ग्राम गिरवानी द्वारा थाना रघुनाथनगर में रिपोर्ट दर्ज कराया था कि दिनांक 11 जनवरी 2023 को वह फोन पे के माध्यम से किसी व्यक्ति को पेमेंट  कर रहा था, पेमेंट नहीं होने पर गूगल सर्च इंजन पर जाकर फोन पे कस्टमर केयर का नंबर सर्च कर जो नंबर प्राप्त हुआ उस नंबर पर कॉल करते ही आवेदक के साथ 5,49,700 रुपए का फ्राड हो गया। आवेदक की रिपोर्ट पर थाना रघुनाथनगर में अपराध क्र. 04/2023 धारा 420 ता. हि. एवं 66 घ आई.टी. एक्ट दर्ज कर विवेचना में लिया गया। प्रकरण की लगातार मॉनिटरिंग पुलिस अधीक्षक बलरामपुर  मोहित गर्ग द्वारा किया जा रहा था। विवेचना के दौरान वाड्रफनगर एसडीओपी अभिषेक झा के नेतृत्व में थाना प्रभारी रघुनाथनगर  बाजीलाल सिंह, साइबर सेल बलरामपुर की टीम सहित अन्य पुलिस टीमें आरोपियों की पता तलाश हेतु लगाई गई। गठित टीमों के द्वारा झारखंड राज्य के देवघर से चार आरोपियों ठगीकर्ता 1. उपेन्द्र कुमार रवानी, 2. लक्ष्मण रवानी, 3. विजय कुमार रवानी एवं 4 मुकेश रवानी सभी निवासी देवघर को दिनांक 28.01.023 को गिर. कर चालान  न्यायालय में पेश किया गया था। थाना रघुनाथनगर पुलिस द्वारा तत्परतापूर्वक प्रकरण का चालान तैयार कर माननीय न्यायालय में पेश किया गया है। बलरामपुर पुलिस द्वारा प्रकरण में तत्परता दिखाते हुए आरोपियों से प्रार्थी के साथ ठगी की गई उसकी पूरी रकम ₹549700 वापस कराया गया।  छत्तीसगढ़ राज्य में पहली बार किसी प्रार्थी का ठगी का रकम 5,49,700/रुपये अनावेदकगण द्वारा प्रार्थी को माननीय न्यायालय के समक्ष वापस किया गया है। जिससे प्रार्थी एवं क्षेत्र की जनता ने पुलिस के प्रति आभार व्यक्त करते  बलरामपुर पुलिस अधीक्षक  मोहित गर्ग एवं पूरे बलरामपुर पुलिस की भूरी भूरी प्रशंसा की गई है। साथ ही बचाव पक्ष के अधिवक्ता के. एन. यादव ने  भी पक्षकारों को दिए थे विशेष सलाह ।  ठगी किए हुए पुरे रकम की राशि को पीड़ित पक्ष को वापस किए ... जिस पर न्यायालय ने भी दोष मुक्त किया ।   ।

ज्ञात हो कि कुछ दिन पूर्व ही पुलिस अधीक्षक बलरामपुर  मोहित गर्ग द्वारा जिले में साइबर ठगी के दर्ज प्रकरणों की समीक्षा की गई थी, समीक्षा पर ज्यादातर प्रकरणों में पीड़ितों के द्वारा गूगल सर्च इंजन पर कस्टमर केयर का नंबर सर्च कर प्राप्त हुए नंबर पर फोन करने के दौरान ठगी होना पाया गया था।  जिस पर पुलिस अधीक्षक बलरामपुर द्वारा गूगल कंपनी को चिट्ठी लिखकर जिले में साइबर ठगी के शिकार हुए लोगों के द्वारा जिन कस्टमर केयर नंबरों पर फोन करने पर उनके साथ ठगी हुई थी उन नंबरों की डिटेल मांगी गई है। साथ ही पुलिस अधीक्षक बलरामपुर  मोहित गर्ग द्वारा पत्र के माध्यम से गूगल कंपनी को यह निर्देश भी दिए गए हैं कि गूगल सर्च इंजन पर विभिन्न कंपनियों के कस्टमर केयर नंबरो को डालने के पूर्व उन नंबरों को पूरी तरह जांच तस्दीक करने उपरांत ही गूगल पर उन नंबरों को डाला जावे।