कृत्रिम गर्भाधान से लाभान्वित हो रहे पशुपालक..दुग्ध उत्पादन के क्षेत्र को मिलेगी प्रोत्साहन..पशु प्रजनन के क्षेत्र में क्रांति

कृत्रिम गर्भाधान से लाभान्वित हो रहे पशुपालक..दुग्ध उत्पादन के क्षेत्र को मिलेगी प्रोत्साहन..पशु प्रजनन के क्षेत्र में क्रांति

*सुकमा 02 अगस्त 2021/* जिले में पशुपालकों को लाभाविन्त करने के लिए कृत्रिम गर्भाधान कार्यक्रम चालाया जा रहा है। कृत्रिम गर्भधान के तहत् मादा पशुओं को गर्भित किया जा रहा है जिससे उन्नत नस्ल के नर एवं मादा बछिया उत्पन हो रहे हैं। वहीं दुग्ध उत्पादक किसानों को इस योजना के तहत् अधिक लाभ प्राप्त होगा। इसके साथ ही पशुपालकों के लिए गर्मी में आयी मादा पशु के लिए गर्भाधान हेतु हिमीकृत वीर्य पशु चिकित्सालय में 24 घण्टे उपलब्ध कराई गई है।

 उपसंचालक पशु चिकित्सा सेवायें सुकमा डॉ. एस. जहीरूद्दीन ने बताया कि सेक्स शॉर्टेड सिमन टेक्नोलॉजी से पशु प्रजनन के क्षेत्र में एक नई क्रांति आई है। छ.ग. शासन ने इसके मद्देनजर नर बछड़ों की जन्म दर को कम कर के मादा बछिया की जन्म दर को बढ़ाया जा रहा है। आम तौर पर गायों में जब सामान्य सिमन से कृत्रिम गर्भाधान किया जाता है तो मादा बछिया उत्पन्न होने की संभावना 50 प्रतिशत होती है। वहीं सेक्स शॉर्टेड सिमन के उपयोग से मादा बछिया उत्पन्न होने की संभावना 90 प्रतिशत से भी अधिक हो जाती है। इस सिमन के उपयोग से जिले में न केवल नर बछड़ों की संख्या नियोजित रहेगी बल्कि अधिक मादा बछिया उत्पन्न होने से दुग्ध उत्पादन के क्षेत्र में भी वृद्धि होगी जिससे पशुपालकों की आय में सुदृढ़ होने लगेगी। राष्ट्रीय गोकुल मिशन के तहत उत्तराखंड के ऋषिकेश के प्रयोगशाला से छत्तीसगढ़ राज्य पशुधन विकास अभिकरण रायपुर के माध्यम से 500 डोज सेक्स शॉर्टेड सिमन मंगाई गई है जिसमें से 350 कृत्रिम गर्भाधान किया गया जिसके सफल परिणाम आने लगे हैं।

 कृत्रिम गर्भाधान से लाभांवित तोंगपाल के पशुपालक श्री रामलाल यादव ने बताया कि उनकी गाय हिट में आने पर 02 अक्टूबर 2020 को सेक्स शॉर्टेड सिमन से कृत्रिम गर्भाधान किया गया था। गर्भवती मादा पशु ने 31 जुलाई 2021 को गिर मादा बछिया को जन्म दी। जिसका सत्यापन उपसंचालक पशु चिकित्सा सेवायें सुकमा के डॉ. एस. जहीरूद्दीन के द्धारा सत्यापित किया गया। इस प्रकार जिले में इसके अच्छे परिणाम आने लगे है। सामान्य तरीके से भी जिले में कृत्रिम गर्भाधान का कार्य किया जा रहा है जिसके सफल परिणाम भी जिले में देखने को मिल रहा है। डॉ. जहीरूद्दीन ने बताया कि जिले में सेक्स शॉर्टेड सिमन से 350 कृत्रिम गर्भाधान किए गये है जिसके सकारात्मक परिणाम भी आगे देखने को मिलेगी।