Ford Car Factory : जमीन में नही! बल्कि जमीन से 150 फीट नीचे बनती हैं Ford की गाड़ी, चूना पत्थर की खदानों में बसा है ये कॉम्प्लेक्स, जाने इसके पीछे का कारण...

Ford Car Factory: Not in the ground! In fact, Ford cars are manufactured 150 feet below the ground, this complex is situated in limestone mines, know the reason behind this... Ford Car Factory : जमीन में नही! बल्कि जमीन से 150 फीट नीचे बनती हैं Ford की गाड़ी, चूना पत्थर की खदानों में बसा है ये कॉम्प्लेक्स, जाने इसके पीछे का कारण...

Ford Car Factory : जमीन में नही! बल्कि जमीन से 150 फीट नीचे बनती हैं Ford की गाड़ी, चूना पत्थर की खदानों में बसा है ये कॉम्प्लेक्स, जाने इसके पीछे का कारण...
Ford Car Factory : जमीन में नही! बल्कि जमीन से 150 फीट नीचे बनती हैं Ford की गाड़ी, चूना पत्थर की खदानों में बसा है ये कॉम्प्लेक्स, जाने इसके पीछे का कारण...

Ford Car Factory :

 

नया भारत डेस्क : बेशक फोर्ड की गाड़ियां भारत में उतनी ज्यादा सेल नहीं हुई, लेकिन अमेरिका में इसकी गाड़ियों की दीवानगी काफी खास है. फोर्ड के नाम एक अलग कारनामा भी दर्ज है, जिसमें इस कंपनी ने जमीन के नीचे 150 फीट की गहराई में दुनिया का पहला कारखाना स्थापित किया है. आज हम आपको फोर्ड के इस कारखाने के बारे में बता रहे हैं, जिसमें बताएंगे कि जमीन के 150 फीट नीचे इस कारखाने के अलावा और क्या-क्या स्थित है. (Ford Car Factory)

दरअसल कंसास में चूना पत्थर की खदान हैं, जहां अब खनन पूरा होने के बाद उन खदानों को कमर्शियल यूज के लिए उपयोग में लाया जा रहा है. आपको बता दें कंसास में दुनिया का सबसे बड़ा अंडरग्राउंड कॉम्प्लेक्स है. इसे सबट्रोपोलिस नाम से जाना जाता है. चूना पत्थर की चट्टानों में यह कॉम्प्लेक्स बना है. ये चट्टानें 270 मिलियन साल पुरानी हैं, इन्हें बेथनी फॉल्स के नाम से जाना जाता है. (Ford Car Factory)

चूना पत्थर की खदानों में बसा है ये कॉम्प्लेक्स

ब्लूमबर्ग की रिपोर्ट के अनुसार 2015 में इस कॉम्प्लेक्स का किराया 187 रुपए प्रति वर्ग फुट था, जो कि शहर के हिसाब से काफी सस्ता है. इसमें एक वजह ये भी है कि यहां बहुत सारी कंपनियों ने अपने शोरूम और गोदाम खोले हुए हैं. आपको बता दें ये कॉम्प्लेक्स जमीन से करीब 150 फीट की गहराई में बसाया गया है. (Ford Car Factory)

जिसकी शुरुआत 1964 में की गई थी, ये बिजनेस कॉम्प्लेक्स कंसान के लेमर हंट के दिमाग की उपज थी. जिसमें ये एक एम्यूजमेंट पार्क बनाना चाहते थे. लेकिन बाद में इन्होंने चूना पत्थर का खनन करने के बाद जमीन को लीज पर देना शुरू कर दिया. आज इस जगह पर फूड पैकेजिंग से लेकर कारों तक का निर्माण किया जाता है. (Ford Car Factory)

17 फीट ऊंची हैं छतें

इस कॉम्प्लेक्स की छतों की ऊंचाई 17 फीट ऊंची है. ये कॉम्प्लेक्स 78 करोड़ वर्गफीट जमीन पर बना हुआ है. जहां फोर्ड तो अपनी कारों का निर्माण करती है. साथ में कई फूड पैकेजिंग कंपनी अपना बिजनेस करती हैं.

डाक टिकट से लेकर फिल्मों की रील भी स्टोर की जाती हैं यहां

बिजनेस कॉम्प्लेक्स का तापमान सालभर एक समान बना रहता है. इसलिए कंपनियां स्टोरेज के लिए इसका उपयोग करती हैं. यहां ई-कॉमर्स, फार्मा, हेल्थ सेक्टर ऑटोमोबाइल कंपनियों ने जमीन ली है. अमेरिका के नेशनल आर्काइव्स एंड रिकॉर्ड एडमिनिस्ट्रेशन विभाग ने डाक टिकटों को स्टोर करने के लिए यहां जमीन लीज पर ली है. गोन विद द विंड, विजार्ड ऑफ ओजेड और फ्रेंड्स जैसी फिल्मों की ओरिजिनल रील्स यहां स्टोर की गई हैं. (Ford Car Factory)

33 किमी लंबा रेल ट्रैक भी है यहां

इसके साथ ही फोर्ड पहली ऐसी कंपनी थी, जिसने यहां अपने लिए जगह ली थी. काफी समय तक कंपनी यहां पर पुरानी कारों को स्टोर करने का काम किया करती थी. आज के दौर में फोर्ड इस बिजनेस कॉम्प्लेक्स में कारों के कस्टमाइजेशन का काम करती है. चूने की दीवारें और छत की वजह से कॉम्प्लेक्स में नमी बनी रहती हैं. इसलिए फूड कंपनियों ने भी यहां अपनी जगह बनाई है. (Ford Car Factory)

कॉफी बीन्स से लेकर 600 तरह के चीज भी यहां पर बनते और स्टोर किए जाते हैं. स्कूल और कॉलेज शुरू किए जाने की योजना भी है. हर साल यहां मैराथन भी आयोजित की जाती है. यहां होने वाली 10 किलोमीटर की मैराथन दुनिया की एकमात्र पूरी तरह से अंडरग्राउंड मैराथन है. कनेक्टिविटी के लिए यहां 16 किलोमीटर लंबी सड़कें हैं, लगभग 33 किलोमीटर लंबा रेल ट्रैक है. (Ford Car Factory)