23 सूत्रीय मांगो सर्व को लेकर सर्व आदिवासी समाज ने "आक्रोश रैली" निकाल कर मनाया "विश्व आदिवासी दिवस".....




बलरामपुर जिले के वाड्रफनगर में 9अगस्त को सर्व आदिवासी समाज द्वारा विश्व आदिवासी दिवस को आक्रोश रैली के रूप में मनाया गया ।
सर्व आदिवासी समाज द्वारा मणिपुर में हो रहे जातीय हिंसा की घोर निंदा की साथ ही देश के कई राज्यो में आदिवासियों पर हो रहे शोषण, अत्याचार, मानवीय हिंसा, सामूहिक बलात्कार जैसे मुद्दों को उठाया।सर्व आदिवासी समाज के अध्यक्ष बीपी आयाम ने कहा की हमारा समाज अपने अधिकारो को अभी तक ठीक से नहीं समझ पा रहे है , इस लिए समाज को लोगो शिक्षित रहने के लिए अपील किए ।
सर्व आदिवासी समाज की महिला नेत्री सकुन्तला सिंह ने समाज की एकजुटता रहने को कहा ।
वही युवा नेता रामदेव जगते ने अपने समाज के लोगो सविंधान के द्वारा एक्टोसिटी एक्ट धारा के तहत मिले अधिकारो का दुरुपयोग करने से बचे नहीं तो समाज का नाम धूमिल होगा ... साथ ही उन्होंने कहा की क्षेत्र में होने वाले धर्मान्तरण का विरोध करे हमलोग को गर्व है हम आदिवासी है और भारत का मूल निवासी है ।
सर्व आदिवास समाज के प्रदेश संयोजक अनिल मेसर्स ने कहा की समाज में हर घर जाकर लोगो संविधान के प्रति जागरूक करने का काम करेंगे ।
सर्व आदिवासी समाज के द्वारा विश्व आदिवासी दिवस को आक्रोश रैली के रूप में पूरे देश के मना रहा है,ताकि केंद्र एवं राज्य सरकारे जागे। 23 सूत्रीय मांगो को लेकर सरकार को अवगत कराए ।
इस कार्यक्रम मुख्यातिथि पूर्व मंत्री देवसाय मराबी रहे , एवं अध्यक्षता कर रहे वाड्रफनगर के सिविल कोर्ट के मजिस्ट्रेट सतीश कुमार खाखा जी किए .. इनके साथ कार्यक्रम में कार्यवाहक अध्यक्ष विहारी सिंह खैरवार , सर्व आदिवासी समाज के प्रमुख में से शिवकुमार आयाम , संजय मरकाम , नंदलाल सिंह श्यामले , मोहन खाखा , बिद्याचारण टेकाम , सीएमओ अमल दिप मिंज , रामबृक्ष , हरिनारायण , जान साय , बुधनी आयाम , पंकजा सिंह , लक्ष्मण सिंह , प्रीति सिंह , अतुल कुजूर , थाना प्रभारी विजय प्रताप सिंह , चौकी प्रभारी माहानंदी , सहित समाज के हजारो कार्यकरता सामिल रहे ।