Kerala News : आपसी सहमति से Divorce के लिए पति पत्नी को साल भर तक दूर रहने की जरूरत नहीं- केरल HC.
Kerala News : Husband and wife need not stay away for




NBL, 10/12/2022, Kerala News : Husband and wife need not stay away for a year for divorce by mutual consent - Kerala HC.
Kerala HC: केरल हाईकोर्ट (Kerala High Court) ने शुक्रवार (9 दिसंबर) को तलाक (Divorce) को लेकर एक अहम फैसला दिया है। कोर्ट ने ईसाईयों पर लागू होने वाले तलाक (Divorce) अधिनियम 1869 के एक प्रावधान को रद्द कर दिया है।
इस कानून के तहत आपसी सहमति से तलाक (Divorce) के लिए आवेदन करने से पहले कम से कम एक साल अलग रहना जरूरी था। अधिनियम में पहले दो साल जरूरी किए गए थे, लेकिन साल 2010 में इसी कोर्ट ने एक मामले में इसे घटाकर एक साल कर दिया था।
* Bench ने मामले पर क्य कहा जानिए...
पीठ (Bench) ने कहा, "वैवाहिक विवादों में कानून को पक्षों को कोर्ट की सहायता से मतभेदों को सुलझाने में मदद करनी चाहिए।" पीठ ने आगे कहा कि आज फैमिली कोर्ट एक और जंग का मैदान बन गया है, जो तलाक (Divorce) की मांग करने वाले पक्षों की पीड़ा को बढ़ा रहा है। पीठ (Bench) ने टिप्पणी कि एक धर्मनिरपेक्ष देश में कानूनी दृष्टिकोण धर्म पर आधारित होने के बजाय नागरिकों की सामान्य भलाई पर होना चाहिए। सामान्य भलाई की पहचान करने में धर्म का कोई स्थान नहीं है। इसलिए कोर्ट ने कहा कि कानून में बदलाव का समय आ गया है।
कोर्ट ने माना कि जरूरी प्रतीक्षा अवधि नागरिकों की स्वतंत्रता के अधिकारों को प्रभावित करती है। पीठ ने आगे कहा कि हमारा विचार है कि जब किसी की इच्छा के अनुसार काम करने की स्वतंत्रता छीन ली जाती है, तो ऐसे प्रतिबंधों के परिणामों को सुरक्षित करने की किसी प्रक्रिया के बिना कानून दमनकारी हो जाएगा।
* फैसला दो युवा Cristian Plea पर आया फैसला...
दरअसल, ये फैसला दो युवा ईसाइयों की याचिका पर आया, जिन्होंने इस साल जनवरी में धार्मिक रीति-रिवाज से शादी की थी। उन्होंने जल्द ही महसूस किया कि उनकी शादी एक गलती थी और मई तक फैमिली कोर्ट (Family Court) के सामाने तलाक (Divorce) अधिनियम की धारा 10ए के तहत तलाक (Divorce) के लिए एक संयुक्त याचिका दायर की। फैमिली कोर्ट (Family Court) ने यह कहते हुए याचिका को खारिज कर दिया कि अधिनियम की धारा 10ए के तहत याचिका को बनाए रखने के लिए शादी के बाद एक साल का अलगाव एक आवश्यक शर्त है।
* याचिकर्ताओं ने High Court का दरवाजा खटखटाया...
इस आदेश को चुनौती देते हुए दोनों पक्षों ने हाईकोर्ट का दरवाजा खटखटाया। याचिकाकर्ताओं की ओर से दायर इसी याचिका पर केरल हाईकोर्ट (Kerala High Court) ने आपसी सहमति से तलाक (Divorce) के लिए पति पत्नी को साल भर तक दूर रहने की जरूरत नहीं का अहम फैसला दिया है।