हाईकोर्ट ब्रेकिंग : कर्मचारियों को हाईकोर्ट से मिली राहत, रिटायरमेंट उम्र पर बड़ा फैसला, बकाया वेतन भुगतान के निर्देश…

हाईकोर्ट ने महत्वपूर्ण आदेश देते हुए कहा है की अपीलकर्ता ऐसे कर्मचारियों को 50% पिछले वेतन का भुगतान (salary payment) करेंगे। While giving an important order, the High Court has said that the appellant will pay 50% of the previous salary to such employees. employees get relief from high court big decision on raising retirement age to 60 years instructions for payment of arrears salary

हाईकोर्ट ब्रेकिंग : कर्मचारियों को हाईकोर्ट से मिली राहत, रिटायरमेंट उम्र पर बड़ा फैसला, बकाया वेतन भुगतान के निर्देश…
हाईकोर्ट ब्रेकिंग : कर्मचारियों को हाईकोर्ट से मिली राहत, रिटायरमेंट उम्र पर बड़ा फैसला, बकाया वेतन भुगतान के निर्देश…

employees get relief from high court big decision on raising retirement age to 60 years instructions for payment

नया भारत डेस्क रिपोर्ट हाईकोर्ट (High court) ने फिर से कर्मचारियों (Employees) को बड़ी राहत दी है। दरअसल एक महत्वपूर्ण फैसले में उच्च न्यायालय ने सरकार के उस आदेश को बरकरार रखा है। जिसमें कर्मचारियों की सेवानिवृत्ति आयु (Employee Retirement age) 58 वर्ष से बढ़ाकर 60 वर्ष की गई थी। जिसके बाद अब निजी उद्योग के कर्मचारियों की रिटायरमेंट आयु 60 वर्ष तक ही रहेगी। (employees get relief from high court big decision on raising retirement age to 60 years instructions for payment)

इसके साथ ही हाईकोर्ट ने महत्वपूर्ण आदेश देते हुए कहा है की अपीलकर्ता ऐसे कर्मचारियों को 50% पिछले वेतन का भुगतान (salary payment) करेंगे। जो 17 मार्च 2018 को या उससे पहले 58 वर्ष की सेवा से सेवानिवृत्त हुए हैं। उन्हें 60 वर्ष या जिस तारीख पर कर्मचारियों को चिकित्सा जांच के लिए बुलाया जाता है, प्राप्ति के बीच की अवधि के लिए भुगतान किया जाएगा।

उच्च न्यायालय ने कहा कि अन्य कर्मचारी जो प्रमाणित स्थाई आदेश के संशोधन खंड 19 के लाभ के हकदार हैं लेकिन इसमें से किसी भी खंड में फिट नहीं बैठते हैं, वे उप श्रम आयुक्त से संपर्क कर उनकी शिकायत का समाधान कर सकते हैं।इससे पहले आदेश को चुनौती देने वाली ग्रासिम इंडस्ट्री लिमिटेड की हरिहर इकाई के प्रबंध द्वारा एक याचिका की सुनवाई करते हुए हाईकोर्ट ने स्पष्ट किया है कि अपील में कोई दम नहीं है और कंपनी को निर्देश दिया कि कर्मचारियों को 60 साल की उम्र तक अपनी सेवा जारी रखने का मौका दिया जाए। इतना ही नहीं ग्रासिम इंडस्ट्री लिमिटेड की पिछली याचिका को हाईकोर्ट की एकल पीठ ने खारिज कर दिया था और अपीलकर्ता ने खंडपीठ का रुख किया था। जहां उसे निराशा हाथ लगी है।(employees get relief from high court big decision on raising retirement age to 60 years instructions for payment)

हाईकोर्ट ने स्पष्ट किया है कि ऐसे सेवानिवृत्त लोग जो पूर्ववर्ती खंड के तहत आते हैं लेकिन चिकित्सा परीक्षा में पुनर्नियुक्ति के लिए अनुपयुक्त पाए जाते हैं उन्हें उनके मूल वेतन का 50 फीसद हिस्सा मेडिकल परीक्षा और रिटायरमेंट के बीच की अवधि पीरियड के लिए भुगतान किया जाए। खंडपीठ ने अपीलकर्ता को 58 वर्ष की उम्र में रिटायर किये गए कर्मचारियों को सेवा की निरंतरता के साथ बहाल करने का निर्देश दिया। साथ ही हाईकोर्ट ने ऐसे कर्मचारी जो 17 सितंबर 2021 को या उसके बाद 58 वर्ष की उम्र में चिकित्सा परीक्षण में पुनः नियुक्ति के लिए अयोग्य नहीं पाए जाने के बावजूद सेवानिवृत्त हुए हैं, उन्हें याचिका खारिज तक पूर्ण वेतन का भुगतान करने का निर्देश दिया है।(employees get relief from high court big decision on raising retirement age to 60 years instructions for payment)

दरअसल निजी उद्योगों के कर्मचारियों को लाभ पहुंचाने वाले एक फैसले में कर्नाटक उच्च न्यायालय की धारवाड़ पीठ ने राज्य सरकार के उस आदेश को बरकरार रखा, जिसमें निजी क्षेत्र में कर्मचारियों की सेवानिवृत्ति की आयु 58 वर्ष से बढ़ाकर 60 वर्ष की गई थी। जानकरी के मुताबिक सरकार ने कर्नाटक औद्योगिक रोजगार स्थायी आदेश (संशोधन) नियम 2017 के मॉडल स्थायी आदेशों को संशोधित करके सेवानिवृत्ति की आयु बढ़ा दी थी, जिसे 28 मार्च, 2017 को राजपत्रित किया गया था।(employees get relief from high court big decision on raising retirement age to 60 years instructions for payment)