Bank Privatization : एक और सरकारी बैंक होगा प्राइवेट! कर्मचारियों एवं ग्राहकों में हलचल, आपका तो नहीं है इसमें खाता...
Bank Privatization: Another government bank will be private! Stir in employees and customers, you don't have an account in this... Bank Privatization : एक और सरकारी बैंक होगा प्राइवेट! कर्मचारियों एवं ग्राहकों में हलचल, आपका तो नहीं है इसमें खाता...




Bank Privatization :
नया भारत डेस्क : देश के एक और सरकारी बैंक का निजीकरण होना तय हो गया है. सरकार ने शुक्रवार को मीडिया में आई उन खबरों को भी खारिज कर दिया जिनमें कहा जा रहा था कि आईडीबीआई का विनिवेश टल सकता है. दीपम सचिव तुहीन कांत पांडेय ने ट्वीट किया, ‘‘विभिन्न ईओआई मिलने के बाद लेनदेन अब निर्धारित प्रक्रिया के अनुसार आगे बढ़ रहा है.’’ निवेश व सार्वजनिक संपत्ति प्रबंधन विभाग ने शुक्रवार को बताया कि यह अटकलें भ्रामक हैं कि सरकार आईडीबीआई बैंक के चार अरब डॉलर के विनिवेश को टाल सकती है क्योंकि निजीकरण का सौदा सही राह पर है.
मीडिया की खबरों को किया खारिज
केंद्र सरकार ने शुक्रवार को कहा कि आईडीबीआई बैंक के विनिवेश की प्रकिया निर्धारित रणनीतिक बिक्री प्रक्रिया के मुताबिक चल रही है. उसने मीडिया में आई उन खबरों को भी खारिज कर दिया जिनमें कहा जा रहा था कि आईडीबीआई का विनिवेश टल सकता है.
दीपम सचिव ने किया ट्वीट
निवेश और लोक परिसंपत्ति प्रबंधन विभाग (दीपम) ने कहा कि बैंक में हिस्सेदारी की बिक्री अभिरुचि पत्र के चरण से आगे निकल गई है. दीपम सचिव तुहीन कांत पांडेय ने ट्वीट किया है कि विभिन्न ईओआई मिलने के बाद लेनदेन अब निर्धारित प्रक्रिया के अनुसार आगे बढ़ रहा है.
LIC की है 61 फीसदी हिस्सेदारी
सरकार को आईडीबीआई बैंक में उसकी तथा एलआईसी की करीब 61 फीसदी हिस्सेदारी की रणनीतिक बिक्री के लिए जनवरी में शुरुआती दौर की कई बोलियां मिली थीं.
सरकारी की कितनी है हिस्सेदारी?
आईडीबीआई बैंक में सरकार की 30.48 फीसदी और एलआईसी की 30.24 फीसदी हिस्सेदारी समेत कुल 60.72 फीसदी हिस्सेदारी की बिक्री के लिए गत अक्टूबर में संभावित खरीदारों से बोलियां आमंत्रित की गई थीं. फिलहाल इस बैंक में सरकार और एलआईसी दोनों की मिलाकर 94.72 फीसदी हिस्सेदारी है.
मीडिया की खबरों को किया खारिज
केंद्र सरकार ने शुक्रवार को कहा कि आईडीबीआई बैंक के विनिवेश की प्रकिया निर्धारित रणनीतिक बिक्री प्रक्रिया के मुताबिक चल रही है. उसने मीडिया में आई उन खबरों को भी खारिज कर दिया जिनमें कहा जा रहा था कि आईडीबीआई का विनिवेश टल सकता है.
दीपम सचिव ने किया ट्वीट
निवेश और लोक परिसंपत्ति प्रबंधन विभाग (दीपम) ने कहा कि बैंक में हिस्सेदारी की बिक्री अभिरुचि पत्र (EoI) के चरण से आगे निकल गई है. दीपम सचिव तुहीन कांत पांडेय ने ट्वीट किया है कि विभिन्न ईओआई मिलने के बाद लेनदेन अब निर्धारित प्रक्रिया के अनुसार आगे बढ़ रहा है.
सरकारी की कितनी है हिस्सेदारी?
आईडीबीआई बैंक में सरकार की 30.48 फीसदी और एलआईसी की 30.24 फीसदी हिस्सेदारी समेत कुल 60.72 फीसदी हिस्सेदारी की बिक्री के लिए गत अक्टूबर में संभावित खरीदारों से बोलियां आमंत्रित की गई थीं. फिलहाल इस बैंक में सरकार और एलआईसी दोनों की मिलाकर 94.72 फीसदी हिस्सेदारी है.
LIC की है 61 फीसदी हिस्सेदारी
सरकार को आईडीबीआई बैंक में उसकी तथा एलआईसी की करीब 61 फीसदी हिस्सेदारी की रणनीतिक बिक्री के लिए जनवरी में शुरुआती दौर की कई बोलियां मिली थीं.