सीलनयुक्त कच्ची झोपड़ी के स्थान पर कल्लू मिया का बना पक्का मकान, प्रधानमंत्री आवास योजना से हितग्राहियों के पक्के घर का हो रहा सपना साकार, योजना अंतर्गत नगर निगम कोरबा क्षेत्र में एक हजार 742 पक्के मकान का हो चुका निर्माण

Pradhan Mantri Awas Yojana dream coming true

सीलनयुक्त कच्ची झोपड़ी के स्थान पर कल्लू मिया का बना पक्का मकान, प्रधानमंत्री आवास योजना से हितग्राहियों के पक्के घर का हो रहा सपना साकार, योजना अंतर्गत नगर निगम कोरबा क्षेत्र में एक हजार 742 पक्के मकान का हो चुका निर्माण
सीलनयुक्त कच्ची झोपड़ी के स्थान पर कल्लू मिया का बना पक्का मकान, प्रधानमंत्री आवास योजना से हितग्राहियों के पक्के घर का हो रहा सपना साकार, योजना अंतर्गत नगर निगम कोरबा क्षेत्र में एक हजार 742 पक्के मकान का हो चुका निर्माण

कोरबा 11 जनवरी 2023/प्रधानमंत्री आवास योजना से गरीब तबके के लोगों का अपना पक्का मकान होने का सपना साकार हो रहा है। वार्ड क्र. 05 धनुवारपारा कोरबा के रहने वाले कल्लू मिया बताते है कि वे फेरी लगाकर मछली बेचने का कार्य करते हैं। उनका कच्चा मकान तालाब के पास था। जिसके कारण आए दिन घर में सांप, बिच्छू, कीडे-मकाड़े घुस आते थे। दीवारे गीली व कमरे में सीलन रहता था, नमी इतनी ज्यादा बढ़ जाती थी कि घर के अंदर मिट्टी की सतह कीचड़ में तब्दील हो जाती थी। कल्लू मियां ने बताया कि प्रधानमंत्री आवास योजना शहरी के अंतर्गत मेरा पक्का मकान बन चुका है। मेरा पक्का मकान होने का सपना पूरा हो गया है तथा प्रतिवर्ष कच्चे मकान की मरम्मत पर होने वाली खर्च की भी बचत हो रही है। जिसका उपयोग मैं अपने अन्य घरेलू खर्चाे के लिए करता हूॅं। 

       नगर पालिक निगम कोरबा क्षेत्र में प्रधानमंत्री आवास योजना के ’’मोर जमीन-मोर मकान’’ घटक अंतर्गत अभी तक 1742 पक्के मकान बनाए जा चुके हैं, वहीं 1090 मकानों का निर्माण कार्य जारी है। इस योजना के अंतर्गत हितग्राहियों को केन्द्रीय अंशदान के रूप में 01 लाख 50 हजार रूपये एवं राज्य सरकार द्वारा मकान निर्माण की लागत की 25 प्रतिशत की राशि प्रदान की जाती है, हितग्राहियों का अंशदान न्यूनतम 86 हजार रूपये है। इस योजना के अंतर्गत प्राप्त होने वाली राशि कच्ची झोपड़ी में रहने वाले गरीब व्यक्ति के लिए किसी वरदान से कम नहीं है क्योंकि ऐसे लोग जो दैनिक रोजी रोटी पर निर्भर हैं, जिनके लिए स्वयं का खर्च वहन कर पाना तथा परिवार का भरण पोषण करना एक बड़ी चुनौती है। ऐसी परिस्थिति में पक्के मकान का सपना पूरा होना निश्चित रूप से उनके जीवन की एक बड़ी उपलब्धि है।