CG - माध्यमिक शिक्षा मंडल द्वारा छात्रों के पंजीयन हेतु स्कूलों में 25000/- जुर्माना लगाना तानाशाही रवैया : कर्मचारी संघ




माध्यमिक शिक्षा मंडल द्वारा छात्रों के पंजीयन हेतु स्कूलों में 25000/- जुर्माना लगाना तानाशाही रवैया : कर्मचारी संघ
जगदलपुर : छत्तीसगढ़ प्रदेश तृतीय वर्ग शासकीय कर्मचारी संघ जिला बस्तर ने हाल ही में छत्तीसगढ़ माध्यमिक शिक्षा मंडल रायपुर के पत्र क्रमांक/ D_ 537/ परीक्षा/ 2024/ रायपुर दिनांक 1.10.2024 के द्वारा परीक्षा वर्ष 2025 हेतु विद्यार्थियों के ऑनलाइन प्रविष्टि हेतु पुनः पोर्टल प्रारंभ करने के लिए विलंब शुल्क प्रतिदिन रुपए 1000 की दर से कुल 25000/ जुर्माना वसूल करने के आदेश को अव्यवहारिक एवं तानाशाही रवैया बताया है।
संघ के प्रदेश महामंत्री गजेंद्र श्रीवास्तव ने प्रेस विज्ञप्ति जारी कर बताया कि जहां एक ओर प्रदेश के माननीय मुख्यमंत्री छत्तीसगढ़ में निशुल्क शिक्षा की बात करते हैं वही माध्यमिक शिक्षा मंडल के अधिकारी इस तरह के जुर्माना वसूलने के अव्यवहारिक एवं तानाशाही आदेश से शिक्षक व छात्र दोनों मानसिक व आर्थिक रूप से प्रताड़ित हो रहे हैं। यह आदेश शासकीय स्कूलों के लिए राज्य शासन के कल्याणकारी नीति के विरुद्ध है।
संघ के अध्यक्ष अजय श्रीवास्तव, उपाध्यक्ष सुभाष पांडे, सचिव अनिल गुप्ता आदि ने माध्यमिक शिक्षा मंडल रायपुर द्वारा कक्षा 9वी से 12वीं तक प्रवेशित विद्यार्थियों का ऑनलाइन प्रविष्टि 31 अगस्त तक बोर्ड द्वारा निर्धारित किया गया है। शासकीय विद्यालयों में अधिकांश विद्यार्थी ग्रामीण व गरीब परिवार से रहते हैं। आर्थिक तंगी के कारण अपने बच्चों का प्रवेश शुल्क एवं बोर्ड परीक्षा शुल्क जमा करने में असमर्थ रहते हैं। कभी-कभी कुछ छात्रों का फीस तो स्वयं प्राचार्य /शिक्षक द्वारा जमा किया भी जाता है। लेकिन बहुत से मामलों में फीस जमा करना संभव नहीं हो पता है जिसके कारण अनेक विद्यार्थी की ऑनलाइन प्रविष्टि चाह कर भी तय समय अनुसार नहीं हो पाता है।
अब पुनः पोर्टल खोलना माध्यमिक शिक्षा मंडल रायपुर के द्वारा दिनांक 31.08.24 के पश्चात संबंधित संस्था को दिनांक 25.09.24 तक प्रति दिवस 1000 की दर से जुर्माना वसूला जा रहा है अर्थात 25 दिनों का 25000/ रुपए जो की शासकीय विद्यालयों के लिए अव्यवहारिक तथा तानाशाही आदेश है। साथ ही कभी-कभी कंप्यूटर /इंटरनेट तथा कई स्कूलों में लिपिक की अनुपलब्धता के कारण भी ऑनलाइन एंट्री का कार्य प्रभावित होता है। विद्यालय के सभी कार्य शासन से प्राप्त आवंटन पर निर्भर रहता है। स्वामी आत्मानंद स्कूल में फीस का प्रावधान ही नहीं है, ऐसी स्थिति में माध्यमिक शिक्षा मंडल द्वारा भारी भरकम जुर्माना लगाया जाना अनुचित है ।
संघ ने माननीय मुख्यमंत्री, शिक्षा सचिव तथा संचालक लोक शिक्षण एवं सचिव माध्यमिक शिक्षा मंडल रायपुर को ईमेल से पत्र प्रेषित कर 25000/ जुर्माना वसूली के आदेश पर कड़ा आपत्ति दर्ज करते हुए इसे निरस्त करने की मांग की है।